LUCKNOW :रमजान का महीना और लखनऊ का शाहनजफ इमामबाड़ा
रमजान के महीने में भी बड़ी संख्या में लोग यहां दर्शन करने आते हैं
इस इमामबाड़े का निर्माण 1818 में नवाब गाजीउद्दीन हैदर ने कराया था
लखनऊ (BNE )रमजान का महीना शुरू हो गया है।रमजान के महीने को मुस्लिम धर्म में बेहद पवित्र माना जाता है। रमजान इस्लामी कैलेंडर का 9वां महीना है। इस महीने में मुस्लिम लोग ईद-उल-फितर मनाते हैं।रमजान के महीने में देश की मशहूर मस्जिदों और ऐतिहासिक जगहों पर नमाज अदा करने के लिए काफी लोग पहुंचते रहते हैं.तो भला देश विदेश में अपनी तमाम खासियत को समेटे हुए लखनऊ को कौन भूल सकता है। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में स्थित जामा मस्जिद के बारे में तो आप जानते ही होंगे, लेकिन राजधानी में ही स्थित शाहनजफ़ इमामबाड़ा के बारे में बहुत कम लोग जानते होंगे। रमजान के महीने में भी बड़ी संख्या में लोग यहां दर्शन करने आते हैं।इस लेख में हम आपको शाहनजफ़ इमामबाड़ा के इतिहास, इसकी खास विशेषताओं और इसके आसपास स्थित कुछ शानदार जगहों के बारे में बताने जा रहे हैं।
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में स्थित शाहनजफ़ इमामबाड़ा का इतिहास बहुत पुराना है। ऐसा कहा जाता है कि इस इमामबाड़े का निर्माण 1818 में नवाब गाजीउद्दीन हैदर ने कराया था।इतिहास के अनुसार नवाब गाजीउद्दीन हैदर हजरत अली से बहुत प्रेम करते थे और उन्होंने श्रद्धा के प्रतीक के रूप में शाहनजफ इमामबाड़ा का निर्माण करवाया था। ऐसा कहा जाता है कि गाजीउद्दीन हैदर अवध का पहला सम्राट था।शाहनजफ़ इमामबाड़ा न केवल लखनऊ के साथ-साथ पूरे उत्तर प्रदेश का एक प्रसिद्ध मुस्लिम पर्यटन स्थल है, बल्कि यह इमामबाड़ा कई अन्य कारणों से भी जाना जाता है।शाहनजफ़ इमामबाड़ा के बारे में कहा जाता है कि यह उत्तर प्रदेश का एक इमामबाड़ा है जहाँ गाजीउद्दीन हैदर को उसकी तीन बेगमों के साथ दफनाया गया है। गाजीउद्दीन हैदर के मकबरे के आसपास तीन बेगमों की कब्रें मौजूद हैं।
शाहनजफ़ इमामबाड़ा न केवल गाजीउद्दीन हैदर और उनकी तीन बेगमों की कब्रों के लिए जाना जाता है, बल्कि अपनी वास्तुकला के लिए भी जाना जाता है। ऐसा कहा जाता है कि गाजीउद्दीन हैदर सुंदर और अद्भुत इमारतों के निर्माण के लिए भी जाना जाता था।शाहनजफ़ इमामबाड़ा अपने बड़े गुंबद के लिए जाना जाता है। इस इमामबाड़े में लगे झूमर भी पर्यटकों को काफी आकर्षित करते हैं। ऐसा कहा जाता है कि इमामबाड़े की कई दीवारों पर सुंदर नक्काशी की गई है। यह भी कहा जाता है कि शाहनजफ़ इमामबाड़ा के एक कमरे में बादशाह का ताज भी मौजूद है।
रमजान के महीने में बहुत से लोग यहां घूमने आते हैं।शाहनजफ़ इमामबाड़ा अपनी खूबसूरती और ऐतिहासिक महत्व के कारण एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल भी माना जाता है। यहां प्रतिदिन एक दर्जन से अधिक लोग दर्शन करने आते हैं।रमजान के महीने में भी बड़ी संख्या में लोग शाहनजफ इमामबाड़ा में नमाज अदा करने के लिए पहुंचते हैं। विशेषकर शुक्रवार को यहां सबसे अधिक लोग पहुंचते हैं।शाहनजफ़ इमामबाड़ा के आसपास कई शानदार और ऐतिहासिक जगहें हैं, जिन्हें आप देख सकते हैं। उदाहरण के लिए, आप इस इमामबाड़े के पास स्थित गोमती नदी और सिकंदर बाग जैसी जगहों की यात्रा कर सकते हैं। इसके अलावा, बॉटनिकल गार्डन, गोमती रिवरफ्रंट, लक्ष्मण मेला ग्राउंड और मोती महल परिसर भी देखा जा सकता है।










