पहलगाम हमले के बाद पाकिस्तान को तुर्की का ‘सैन्य सहारा’, C-130 विमान से पहुंचे लड़ाकू उपकरण
चीन के बाद अब तुर्की ने थामा पाकिस्तान का हाथ, इस्लामाबाद और कराची में लैंड किए 6 हरक्यूलिस एयरक्राफ्ट; भारत-पाक टेंशन के बीच बढ़ा नया सैन्य गठबंधन
पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव चरम पर है। सीमा पर लगातार पाकिस्तानी गोलाबारी जारी है, जिसका भारतीय सेना मुंहतोड़ जवाब दे रही है। इस बीच पाकिस्तान को एक और समर्थन मिल गया है — तुर्की की तरफ से।
रविवार को तुर्की वायुसेना का C-130 हरक्यूलिस सैन्य परिवहन विमान कराची और इस्लामाबाद में लैंड हुआ। सूत्रों के अनुसार, विमान में आधुनिक लड़ाकू उपकरण शामिल थे, जो तुर्की और पाकिस्तान के बीच गहराते रक्षा संबंधों का प्रमाण हैं। कराची के अलावा, इस्लामाबाद स्थित सैन्य अड्डों पर छह तुर्की विमानों का उतरना इस समर्थन को और पुख्ता करता है।
यह सहयोग ऐसे समय आया है जब चीन पहले ही पाकिस्तान को JF-17 फाइटर जेट और ड्रोन की आपूर्ति कर चुका है। अब तुर्की का भी जुड़ना इस नई त्रिपक्षीय रक्षा धुरी — चीन, तुर्की और पाकिस्तान — की आहट को दर्शाता है।
पाकिस्तान ने पेन्सी, स्कार्दू और स्वात जैसे अहम हवाई ठिकानों को पूरी तरह सक्रिय कर दिया है, जहाँ F-16, J-10 और JF-17 जेट्स तैनात हैं और कॉम्बैट एयर पेट्रोल (CAP) जारी है। स्कार्दू एयरबेस को खासतौर पर एक रणनीतिक केंद्र के रूप में तैयार किया गया है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि यह नई सैन्य हलचलें दक्षिण एशिया की भू-राजनीतिक तस्वीर को बदलने की ओर इशारा कर रही हैं — और भारत के लिए आने वाले दिनों में यह बड़ी चुनौती बन सकती है।










