नई दिल्ली-NHAI की इस धांसू स्कीम से यात्रियों की होगी बल्ले बल्ले
इस समस्या की सुचना देने पर सीधे फास्टैग खाते में आएगा ₹1000 का रिवॉर्ड
‘क्लीन टॉयलेट पिक्चर चैलेंज’ अब जून 2027 तक लागू-राजमार्गयात्रा ऐप पर ऐसे अपलोड करनी होगी तस्वीर
नई दिल्ली (BNE): राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर सफर के दौरान सार्वजनिक शौचालयों की बदहाली और गंदगी से परेशान रहने वाले यात्रियों के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने बड़ा और फायदेमंद कदम उठाया है। हाईवे पर बने शौचालयों में साफ-सफाई की कमी को लेकर लगातार मिल रही शिकायतों को देखते हुए एनएचएआई ने एक अनोखी रिवॉर्ड स्कीम का दायरा बढ़ा दिया है। इस योजना के अंतर्गत यदि कोई यात्री हाईवे पर स्थित गंदे शौचालय की सूचना सही तरीके से प्राधिकरण तक पहुंचाता है, तो उसे आकर्षक इनाम दिया जा रहा है।
‘क्लीन टॉयलेट पिक्चर चैलेंज’ अब जून 2027 तक लागू
यह पहल सितंबर 2025 में शुरू किए गए ‘क्लीन टॉयलेट पिक्चर चैलेंज’ का हिस्सा है, जिसे यात्रियों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद एनएचएआई ने 30 जून 2027 तक के लिए आगे बढ़ा दिया है। इस स्कीम के तहत वर्ष 2026 में अब तक 429 मुसाफिरों ने गंदे शौचालयों की शिकायत दर्ज करवाकर सीधे ₹1000 का मुफ्त फास्टैग रिचार्ज हासिल कर लिया है। हाईवे पर सफर करने वाला कोई भी नागरिक इस योजना का लाभ उठाकर तुरंत रिवॉर्ड जीत सकता है।
राजमार्गयात्रा ऐप पर ऐसे अपलोड करनी होगी तस्वीर
इस रिवॉर्ड स्कीम का लाभ उठाने के लिए यात्रियों को एनएचएआई के आधिकारिक ‘राजमार्गयात्रा’ (Rajmargyatra) मोबाइल ऐप का इस्तेमाल करना होगा। शौचालय की गंदगी दिखाने वाली स्पष्ट तस्वीर को जियो-टैगिंग और टाइम-स्टैम्प के साथ ऐप पर अपलोड करना अनिवार्य है। इसके साथ ही शिकायतकर्ता को अपना नाम, लोकेशन, मोबाइल नंबर और गाड़ी का रजिस्ट्रेशन नंबर (VRN) दर्ज करना होगा। सिस्टम द्वारा फोटो और लोकेशन डेटा की सत्यता की पुष्टि होते ही शिकायत वैध पाए जाने पर यूजर को इनाम जारी कर दिया जाएगा।
सीधे फास्टैग खाते में आएगा ₹1000 का रिवॉर्ड
सत्यापन पूरा होते ही पात्र वाहन मालिक को ₹1000 का इंस्टेंट फास्टैग रिचार्ज दिया जाएगा, जो शिकायत में दर्ज गाड़ी से जुड़े फास्टैग अकाउंट में सीधे क्रेडिट हो जाएगा। योजना के नियमों के मुताबिक, पूरी स्कीम के दौरान एक वाहन नंबर पर सिर्फ एक बार ही यह रिवॉर्ड दिया जाएगा। यह राशि नॉन-ट्रांसफरेबल होगी और इसे कैश के रूप में नहीं लिया जा सकेगा। यदि किसी एक ही टॉयलेट की शिकायत एक से अधिक लोग दर्ज करते हैं, तो इनाम का हकदार वही होगा जिसने सबसे पहले ऐप पर शिकायत दर्ज की होगी। यह सुविधा केवल एनएचएआई के अधिकार क्षेत्र में आने वाले टॉयलेट परिसरों पर ही मान्य होगी।









