चमोली-उत्तराखंड के चारधाम में गैर हिंदुओं की एंट्री पर जल्द लग सकता है प्रतिबन्ध
48 मंदिरों में भी नहीं जा सकेंगे, इन्हें मिलेगी छूट
चमोली. (BNE)बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति द्वारा दिए गए प्रस्ताव पर सरकार में सहमति बन गयी है। इस प्रस्ताव में कहा गया है कि उत्तराखंड के चारधाम- केदारनाथ, बद्रीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री समेत 48 मंदिरों में जल्द गैर-हिंदुओं की एंट्री पर प्रतिबंध लग सकता है. यह प्रतिबंध सिख, जैन और बौध धर्म के अनुयायियों पर लागू नहीं होगा.
चारधाम के अलावा मंदिर समितियों के अधीन आने वाले 44 अन्य मंदिरों के लिए भी इसी तरह के प्रस्ताव तैयार किए गए हैं. वहीं, सीएम पुष्कर सिंह धामी ने इस मामले में तीर्थ पुरोहितों की आस्था को ध्यान में रखते हुए फैसला लेने की बात कही है.
बीकेटीसी के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि बद्रीनाथ और केदारनाथ समेत मंदिर समिति के अंतर्गत आने वाले सभी मंदिरों में गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक लगाने का प्रस्ताव आगामी बोर्ड बैठक में रखा जाएगा. इस बैठक में तीर्थ पुरोहित और धर्माधिकारी भी शामिल होंगे.
इससे पहले गंगोत्री मंदिर समिति ने रविवार को बैठक कर सर्वसम्मति से फैसला लिया कि अब गंगोत्री धाम में मंदिर और गंगा घाटों पर गैर-हिंदुओं का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा. मंदिर समिति के सचिव सुरेश सेमवाल ने बताया कि सिख धर्म के अनुयायी हिंदू धर्म की ही एक शाखा माने जाते हैं, इसलिए उन पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होगा. वहीं यमुनोत्री धाम मंदिर समिति ने गैर-हिंदुओं की एंट्री पर बैन को लेकर प्रस्ताव तैयार कर लिया है. मंदिर समिति के सचिव पुरुषोत्तम उनियाल ने बताया कि इसे जल्द लागू करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी. उन्होंने साफ किया कि हिंदू धर्म की शाखाओं में आने वाले अनुयायियों पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होगा.










